
धार्मिक आयोजन: भव्य रामकथा में श्रद्धालुओं ने किया धर्मलाभ, गूंजे जय श्रीराम के जयकारे
अयोध्या। सियाराम किला परिसर में श्री जनसेवा गुरू आश्रम के तत्वावधान में आयोजित भव्य रामकथा में श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर हो गए। कथा में करीब 100 श्रद्धालुओं ने सहभागिता कर भगवान श्रीराम की पावन लीलाओं का श्रवण किया और आध्यात्मिक लाभ प्राप्त किया।
रामकथा के यजमान भरत बापू रहे, जबकि कथा का वाचन भरत भाई डिंगालिया ने किया। उन्होंने भगवान श्रीराम के आदर्श जीवन, धर्म, मर्यादा और भक्ति के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि रामकथा मानव जीवन को सही दिशा प्रदान करती है तथा समाज में प्रेम, सद्भाव और संस्कारों का संचार करती है।
कथा के दौरान श्रद्धालु भगवान श्रीराम के जयकारे लगाते रहे। उपस्थित भक्तों ने कथा को प्रेरणादायी एवं जीवनोपयोगी बताते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज में धार्मिक और नैतिक मूल्यों को मजबूत करते हैं।श्री जनसेवा गुरू आश्रम की ओर से श्रद्धालुओं के लिए निःशुल्क भोजन सेवा की भी व्यवस्था की गई।
आश्रम लंबे समय से जनसेवा एवं धार्मिक गतिविधियों के माध्यम से समाज में सकारात्मक संदेश देने का कार्य कर रहा है। श्रद्धालुओं ने आश्रम की सेवा भावना और व्यवस्थाओं की सराहना की।कार्यक्रम का समापन आरती एवं प्रसाद वितरण के साथ हुआ। श्रद्धालुओं ने भविष्य में भी ऐसे धार्मिक आयोजनों के निरंतर आयोजन की कामना की।यह समाचार दैनिक जागरण की स्थानीय धार्मिक गतिविधियों की रिपोर्टिंग शैली के अनुरूप तैयार किया गया है।

