
फाइल फोटो (पत्रकारों के साथ शरबत वितरण करते महापौर
जेठ माह का बड़ा मंगल: बजरंगबली की आराधना के साथ-साथ श्रद्धा, भक्ति और भंडारे का पर्व
अयोध्या: ज्येष्ठ माह का बड़ा मंगल, जिसे ‘बुढ़वा मंगल’ भी कहा जाता है। उत्तर प्रदेश खास कर लखनऊ और आसपास के जिलों में यह पर्व बड़े ही भक्ति और उल्लास के साथ मनाया जाता है और इस अवसर पर बड़े ही श्रद्धा, उत्साह और सेवा भाव के साथ जगह जगह भंडारे का आयोजन किया जाता है। ज्येष्ठ मास में पड़ने वाले सभी मंगलवार को मनाया जाने वाला यह पर्व धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक सद्भाव और सेवा की भावना का भी प्रतीक माना जाता है।
जानिए, बड़े मंगल की पौराणिक मान्यता..
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, ज्येष्ठ मास के मंगलवार को ही प्रभु श्रीराम और हनुमान जी की पहली मुलाकात हुई थी और इसी दिन से हनुमान जी श्रीराम के परम भक्त और उनके सबसे बड़े सेवक बने थे। एक अन्य मान्यता के अनुसार ज्येष्ठ मास के मंगलवार को ही हनुमान जी को चिरंजीवी अर्थात अमर रहने का वरदान प्राप्त हुआ था। यही कारण है कि बड़े मंगल का विशेष महत्व माना जाता है और यह भी माना जाता है कि इस दिन दान पुण्य और हनुमान जी की पूजा-अर्चना करने से सभी संकट दूर होते हैं।
जानिए, इस वर्ष आठ बड़ा मंगल क्यों….
ज्योतिषी के जानकार बताते है कि इस वर्ष अधिक मास (मलमास) के दुर्लभ संयोग के कारण बड़ा मंगल का पर्व और भी खास हो गया है। आमतौर पर ज्येष्ठ माह में चार या पांच बड़े मंगल पड़ते हैं, लेकिन इस बार कुल 8 बड़े मंगल पड़ रहे हैं। ऐसा दुर्लभ संयोग लगभग 19 वर्षों बाद बना है, जिसके कारण हनुमान जी के भक्तों में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। इसी लिए इस बार भक्ति, उत्साह और सेवा भाव के साथ जगह जगह भंडारे का आयोजन किया जा रहा है।
बड़े मंगल पर भक्ति, सेवा और दान की परंपरा
वर्षों से चली या रही परंपरा के अनुसार बड़ा मंगल के मौके पर मंदिरों और सार्वजनिक स्थानों पर विशाल भंडारों का आयोजन किया जाता है। जगह-जगह श्रद्धालुओं और राहगीरों को शर्बत, ठंडा पानी, पूड़ी-सब्जी, हलवा और अन्य प्रसाद वितरित किए जाते हैं। भीषण गर्मी के बीच सेवा और दान की यह परंपरा लोगों को राहत देने का भी कार्य करती है।
इस दिन भक्त प्रातः स्नान कर हनुमान जी को लाल सिंदूर, चमेली का तेल और बूंदी या मोतीचूर के लड्डुओं का भोग लगाते हैं। हनुमान चालीसा, सुंदरकांड और बजरंग बाण का पाठ अत्यंत फलदायी माना जाता है। मान्यता है कि सच्चे मन से पूजा करने पर बजरंगबली अपने भक्तों के सभी कष्ट दूर कर उन्हें शक्ति, साहस, सुख और समृद्धि का आशीर्वाद प्रदान करते हैं।
इसी कड़ी मे जनपद अयोध्या के पत्रकार चौराहे पर लगातार भंडारे का आयोजन किया जा रहा है, जिसमे बड़ी संख्या मे पत्रकार और जनप्रतिनिधि शामिल होते है, इसी कड़ी मे चौथे बड़े मंगल के अवसर पर पत्रकारों कि तरफ से विशाल भंडारे का आयोजन किया गया है।

