
लखनऊ अग्निकांड: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत आला अफसरों ने किया घटनास्थल का निरीक्षण, दिए जरूरी निर्देश
लखनऊ। राजधानी के अलीगंज में सोमवार को एक भवन में अचानक आग लग गई। आग लगने से अफरा तफरी मच गई। लोग खुद को बचने के लिए भवन से कूद पड़े, हालांकि इस हादसे में करीब 12 से अधिक लोगों की मौत हो गई। जबकि नौ लोग घायल बताए जा रहे है। मौके पर पहुंच राहत टीम ने सभी को उपचार के लिए ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है। हालांकि राहत कार्य में जुट कार्मियों ने आग पर काबू पा लिया है। हालांकि मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जांच के लिए एसआईटी का गठन किया है। साथ ही लापरवाही बरतने को लेकर कुछ अधिकारियों को निलंबित भी किया गया है।
बताया जा रहा है कि लखनऊ के अलीगंज सेक्टर-डी स्थित चार मंजिला व्यावसायिक भवन में शॉर्ट सर्किट की वजह से आग लग गई। आग की सूचना पर पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम सक्रिय हो गई। मौके पर दो दर्जन फायर टेंडर के साथ टीमें पहुंची।
मौके पर एनडीआरएफ, एसडीआरएफ भी पहुंची और राहत कार्य में जुट गई। हादसे की जानकारी मिलते ही रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक घटनास्थल पर पहुंचे। मौके का निरीक्षण कर अधिकारियों को उचित कार्रवाई का निर्देश दिया। पुलिस के अनुसार शुरुआती जांच में सामने आया कि एसी में शार्ट सर्किट से आग लगी है। हालांकि अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं है। आग की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने तत्काल आसपास का रास्ता बंद कराया।
वहीं, मौके पर 20 फायर टेंडर पहुंचे। अग्निशमन कर्मचारियों ने आग पर काबू पाने के लिए सामने से पानी की बौछारें मारनी शुरू की। इसके बाद पास के भवन की छत पर पहुंची पुलिस व अग्निशमन विभाग की टीम ने व्यावसायिक भवन की दीवार काटी। इसके बाद स्मोक एक्जास्ट लगाकर राहत कार्य शुरू किया। इसी बीच एनडीआरएफ और एसडीआरएफ ने राहत कार्य शुरू किया। बताया जा रहा है कि हादसे में सागर (27), नीलेश (27), अनामिका (28), अनुक्षा (25), सुमल्या (30), शाहजान (19), आदित्य श्रीवास्तव (23), अब्दुल रहमान (24), सुखमनी (23), अम्मार, जैनिल, ज्योति, संयम, भविष्य व सूरज की मौत हो गई जबकि जयंत, लवप्रीत, मो. आसिफ, भुवन श्रीवास्तव, पंकज, शैलेंद्र, अभिषेक, पंकज जोशी, गौरव कुमार घायल हो गए। पुलिस और राहत कार्य में जुटी टीमों न सभी को उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया है।
मुख्यमंत्री ने जांच के लिए गठित की दो सदस्यीय एसआईटी, आर्थिक सहायता दिए जाने की घोषणा
लखनऊ में हुए अग्निकांड को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यानथ ने उच्च स्तरीय बैठक कर घटना की समीक्षा की। बैठक में राहत एवं बचाव कार्य, घायलों के उपचार और घटना के कारणों पर विस्तार से चर्चा की गई। मुख्यमंत्री ने मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष और समयबद्ध जांच के लिए दो सदस्यीय एसआईटी का गठन कर निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए हैं। साथ ही मृतक और घायलों को आर्थिक सहायता देने की भी घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिजनों को पांच – पांच लाख जबकि घायलों के परिजनों को 50 हजार रुपए आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है।
अधिकारियों को किया गया निलंबित
लखनऊ के अलीगंज में हुए अग्निकांड मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कुछ अधिकारियों पर भी कार्रवाई की है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर लापरवाही बरतने के मामले में गौरव कुमार, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर (बिजली विभाग) जानकीपुरम, कमलेन्द्र कुमार सिंह, FSSO (फायर विभाग) इंदिरा नगर, अनिल कुमार, AE (LDA), प्रमोद पांडे, JE (LDA) को निलंबित किया गया है।

