जमीन अधिग्रहण: किसानों ने विधायक से मिल सुनाई अपनी व्यथा, सौंपा ज्ञापन

Spread the love

विधायक को ज्ञापन देते किसान

जमीन अधिग्रहण: विधायक ने अधिकारियों से फोन पर वार्ता कर अधिग्रहण रोकने के दिए निर्देश

अयोध्या। लगातार हो रहे अधिग्रहण के दर्द का सामना कर रहे दो ग्राम सभा के किसानों गुरुवार को विधायक वेद प्रकाश गुप्ता से मुलाकात कर अपनी व्यथा सुनाई।

किसानों का कहना था कि उन्होंने एयरपोर्ट, मेडिकल कॉलेज, सीपेट संसथान, कौशल्या सदन, पीएसी/एसएसएफ गृह विभाग, उत्तर प्रदेश पावर ट्रांसमिषन कार्पोरेशन व मेडिकल कॉलेज फोर लेन मार्ग के लिए अपनी जमीनें दी है। अपनी जन्मभूमि से जुड़े रहने को लेकर किसानों ने मुआवजे से प्राप्त धनराशि के अपने गांव में भूमि खरीदी।

अब किसान पुनः अपनी भूमि खोने की आशंका में भय, असुरक्षा, मानसिक पीड़ा में जी रहे है। ग्रामीणों ने इलाके में बार बार हो रहे अधिग्रहण को लेकर अपना पक्ष रखते हुए ज्ञापन दिया। ग्रामीणों का पक्ष सुनने के बाद विधायक ने इसको लेकर अधिकारियों वार्ता की। विकास प्राधिकरण के वीसी व एसडीएम अरविंद कुमार से फोन पर वार्ता करते हुए उन्होंने फिलहाल किसानों की जमीन को अधिग्रहीत न करने का निर्देश दिया।

ज्ञापन देने के दौरान अमर बहादुर पाण्डेय, शिवमंगल तिवारी, श्याम नारायन पाण्डेय, रामसुमन तिवारी, राधेश्याम पाण्डेय, विजय शंकर पाण्डेय, नरेन्द्र देव तिवारी, संतोष तिवारी, अजय तिवारी, आलोक तिवारी, विपिन किशोर तिवारी, अवध किशोर तिवारी, केदार किशोर तिवारी, सूर्य नारायन पाण्डेय शामिल रहे।

पहले से चल रहे विकास कार्य समय से हो पूरे : वेद प्रकाश गुप्ता 

विधायक वेद गुप्ता ने एसडीएम व वीसी पर फोन वार्ता के दौरान निर्देश दिया कि इन किसानों की जमीन अब विकास कार्यो के लिए अधिग्रहीत न की जाय।

पहले जो विकास कार्य चल रहे है, उसे गुणवक्ता के आधार समयबद्ध पूरा किया जाएग। इसके बाद भी अगर विकास कार्यो के लिए भूमि की आवश्यकता है, तो मसौधा के आगे कृषि विभाग की काफी जमीन पड़ी हुई है।

कृषि विभाग को मुआवजा देकर जमीन लेने के बाद विकास प्राधिकरण अपना विकास कार्य वहां पर कराए। किसानों की जमीन अब किसी भी कीमत पर नहीं दी जाएगी। उनकी जितनी जमीन जानी थी, वह जा चुकी है।


Spread the love

Related posts