
Ayodhya News : पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम को भेज शुरू की जांच पड़ताल
अयोध्या। थाना रामजन्मभूमि क्षेत्र स्थित भगवान ऋषभदेव नेत्र चिकित्सालय की चिकित्साधिकारी डॉ.जयति पांडेय का शव उनके सरकारी आवास पर फंदे से लटका मिला है। मामले की खबर पर परिसर में हलचल मच गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को फंदे से उतरवा पोस्टमार्टम को भेजवाया है और जांच पड़ताल शुरू कर दी। एफ एसएल टीम से साक्ष्य संकलन कराया है।
बताया गया कि डॉ.जयति पांडेय अस्पताल परिसर स्थित सरकारी आवास में रहती थीं। चर्चा है कि उनकी मां ने रोज की तरह हालचाल जानने के लिए फोन किया,लेकिन कई बार रिंग करने के बावजूद काफी देर तक फोन रिसीव नहीं हुआ। तो उन्होंने किसी अनहोनी की आशंका के तहत आसपास के कमरों में रहने वाले डाक्टरों को फोन किया। इसके बाद पड़ोसियों ने महिला नेत्र चिकित्सक के आवास पर जाकर देखा तो डॉक्टर का शव फंदे से लटका मिला। घटना की सूचना पुलिस को दी गई।प्रथम दृष्टया पुलिस घटना को आत्महत्या से जोड़कर देख रही है, हालांकि मौत की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हुई है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
रांची की रहने वाली थी,लखनऊ में रहता है परिवार
नेत्र चिकित्सक डॉ. जयति पांडेय मूल रूप से रांची की रहने वाली थीं, जबकि उनका परिवार वर्तमान में लखनऊ में रहता है। घटनास्थल से पुलिस को कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। महत्वपूर्ण साक्ष्य के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला की टीम को लगाया गया है। वहीं पुलिस डॉक्टर के मोबाइल फोन,कॉल डिटेल और अन्य परिस्थितिजन्य साक्ष्यों की पड़ताल कर रही है।
चर्चा है कि डॉक्टर पिछले कुछ समय से बीमारी के कारण परेशान चल रही थीं। इसी वजह से मानसिक तनाव में होने और आत्मघाती कदम उठाए जाने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि मौत की वजह तो पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही स्पष्ट हो सकेगी।
जांच के बाद खुलेगा मौत का राज
फिलहाल पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि डॉ. जयति पांडेय ने किन परिस्थितियों में यह कदम उठाया। बीमारी, मानसिक तनाव अथवा कोई अन्य वजह—इन सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस की आगे की जांच के बाद ही घटना की पूरी तस्वीर सामने आने की उम्मीद है।
